绝命毒师第五季
क्या कोयलांचल की धरती अब जानलेवा बन गई है? धमाके के साथ फटी जमीन, समा गई महिला_我的网站

A | जेएनएफ, जागरण, जम्मू। फास्ट ट्रैक कोर्ट, जम्मू के पीठासीन अधिकारी अमरजीत सिंह लंगेह ने छह वर्षीय बच्ची के साथ दुष्कर्म के मामले में आरोपित को दोषी करार दिया है। कोर्ट 30 अगस्त को अब आरोपित सोहन सिंह उर्फ सोनू की सजा की घोषणा करेगी।,कोर्ट में पुलिस की ओर से पेश मामले के अनुसार 2 मई 2015 को पीड़ित बच्ची अपने घर से एक दुकान पर प्याज लेने के लिए गई थी। इस दौरान आरोपित बहलाफुसला कर उसे अपने साथ खेत में ले गया था और उसका मुंह अपने हाथ से बंद कर उससे दुष्कर्म किया था। बच्ची की चिखोपुकार को सुन कर उसके पिता मौके पर पहुंचे थे।,बच्ची के पिता को देख कर आरोपित सोहन वहां से भाग गया, जबकि बच्ची खून से लथपथ थी। बच्ची की स्वास्थ्य जांच करवाई गई और वह एक माह तक अस्पताल में भर्ती रही थी। मेडिकल और फोरेंसिक रिपोर्ट में उससे दुष्कर्म होने की पुष्टि हुई थी।,यह भी पढ़ें- लद्दाख में फंसे 40 पर्वतोरोहियों को आपदा प्रतिक्रिया दल ने बचाया, नुन कुन चोटी के पास बर्फीले तूफान में फंसे इसके अलावा कोर्ट में बच्ची के पिता के अलावा एक पोल्ट्री फार्म के मालिक ने भी आरोपित के विरुद्ध कोर्ट में गवाही दी। हालांकि, आरोपित के वकील ने इस मामले को झूठा बता कर उसे फंसाने की बात कोर्ट में कही थी, लेकिन कोर्ट ने इस दलील को खारिज करते हुए आरोपित सोहन सिंह को बच्ची से दुष्कर्म का दोषी करार दिया। कोर्ट ने कहा कि आरोपित के विरुद्ध पुख्ता सबूत है, जो उसे दोषी करार देने के लिए काफी है,
उच्च न्यायालय ने पीएसए हिरासत को किया रद
जम्मू-कश्मीर और लद्दाख उच्च न्यायालय ने कुलगाम निवासी की पब्लिक सेफ़्टी एक्ट के तहत की गई हिरासत को रद करते हुए कड़ी टिप्पणी की है। अदालत ने कहा कि जिला मजिस्ट्रेट ने पुलिस द्वारा तैयार किए गए डोजियर को बिना सोचे समझे डाक खाने की तरह आगे बढ़ा दिया।,जस्टिस राहुल भारती ने याचिका पर सुनवाई करते हुए याचिकाकर्ता पर लगे पीएसए हिरासत के निर्देश को निरस्त कर दिया। यह आदेश कुलगाम के शौंच निवासी रईस अहमद ठोकर के खिलाफ जारी किया गया था। यह भी पढ़ें- Udhampur News: भूस्खलन से सड़कें-बिजली और पानी की आपूर्ति बाधित, लोअर बली से 100 लोग कर चुके पलायन याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने दलील दी कि ठोकर के खिलाफ वर्ष 2019 और 2020 में दो एफआईआर दर्ज हुई थीं, लेकिन उनमें पहले ही जमानत मिल चुकी थी। इसके बावजूद कुलगाम के एसपी ने उन्हें सक्रिय ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) बताते हुए पीएसए में हिरासत की सिफारिश की। इसी डोजियर पर जिला मजिस्ट्रेट ने आदेश पारित कर दिया।,उच्च न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि हिरासत आदेश में लिखे शब्द कुलगाम एसपी द्वारा प्रस्तुत आधारों पर यह साफ दिखाते हैं कि मजिस्ट्रेट ने स्वतंत्र रूप से डोजियर नहीं पढ़ा और केवल पुलिस की रिपोर्ट को मंजूरी दे दी। ऐसा रवैया कानून के मूल सिद्धांतों के विरुद्ध है और इस प्रकार की हिरासत शुरुआत से ही अवैध मानी जाएगी।,उच्च न्यायालय ने निर्देश दिया कि ठोकर, जो वर्तमान में सेंट्रल जेल श्रीनगर में बंद हैं, को तुरंत रिहा किया जाए, बशर्ते वे किसी अन्य मामले में वांछित न हों। यह भी पढ़ें- Jammu News: कटड़ा-रियासी मार्ग लगातार दूसरे दिन भी बंद, हल्के वाहनों के लिए खोला गया बाणगंगा का वैकल्पिक मार्ग。 जागरण संवाददाता, धनबाद (केंदुआ)। वो बुधवार की सुबह थी, जब गोधर मोड़ पर रहने वाले सोनू सिंह के घर के बाहर सबकुछ सामान्य था। अचानक एक तेज धमाका हुआ और जमीन ने अपना एक हिस्सा खोल दिया।,इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता घर की सदस्य अंजू देवी, जो कपड़े सुखाने बाहर निकली थीं, उसमें गिर गईं। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि गोधर मोड़ के निकट धनबाद-बोकारो मार्ग के समीप रहने वाले सोनू सिंह के घर के दरवाजे पर बुधवार की सुबह अचानक तेज आवाज के साथ गोफ बन गया। उस समय वहां सोनू की बहन थी, जो उसमें समा गई। यह देख कोहराम मच गया।,स्वजन का शोरगुल सुन आसपास के लोग दौड़े। सभी ने मशक्कत के बाद अंजू देवी को गोफ से बाहर निकाल कर उनकी जान बचाई। सूचना पाकर विधायक राज सिन्हा मौके पर पहुंचे। पीड़ित परिवार को सुरक्षित स्थान पर बसाने के लिए बीसीसीएल के अधिकारियों से बातचीत की।,
रक्षाबंधन पर मायके आई थी बहन
इस घटना से स्थानीय लोगों में भय है। दरअसल, अंजू देवी रक्षाबंधन पर अपने मायके आईं थीं। कपड़े सुखाने के लिए घर से बाहर निकलीं थीं, तभी अचानक गोफ बन गया। वह संभल भी नहीं सकीं, उसकी चपेट में आ गईं। तभी उनके घर दूध देने के लिए मनोज यादव पहुंचे थे। उन्होंने शोर मचाया व जानकारी सोनू सिंह के पिता देवराज सिंह को दी।सीढ़ी के सहारे बाहर निकाला
सोनू के भांजे साहिल सिंह ने तुरंत बांस और सीढ़ी की व्यवस्था। आसपास के लोग तब तक आ गए थे। सभी ने उनको सीढ़ी के सहारे बाहर निकाला। सोनू के भाई मनोज ने बताया कि उनका घर रैयती जमीन पर है।,अंजू देवी का कहना है कि अचानक गोफ में गिरने पर उन्हें कुछ समझ में नहीं आया। वे अंदर ही बैठ गईं। गोफ के अंदर गैस नहीं थी, इसलिए जान बच गई। अधिकारियों ने कराई गोफ की घेराबंदी कुसुंडा एरिया के अधिकारी और केंदुआडीह थाने की पुलिस मौके पर पहुंची।,बीसीसीएल अधिकारियों ने घटना की जानकारी ली, गोफ की घेराबंदी करा दी। पीड़ित परिवार को सुरक्षित स्थान पर बसाने की उन्होंने बात कही गई है। भाजपा नेता राजेश गुप्ता और विजय हलवाई ने बताया कि सोनू सिंह के घर के पास पुराना हवा चानक और बालू बैंकर था। बाद में बैंकर बंद हो गया, लेकिन इसकी ठीक से भराई नहीं होने के कारण यह घटना घटी।,यह कोई पहला मौका नहीं है, जब झरिया के कोयलांचल में जमीन धंसने की ऐसी घटना हुई हो। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बंद हो चुके खदानों व आसपास एरिया में बालू बैंकरों की सही भराई नहीं होने से ऐसी दुर्घटनाएं हो रही हैं। प्रशासन ने गोफ की घेराबंदी कर दी है, पर लोगों के मन में डर है कि क्या अगली बारी उनकी हो सकती है?。Current article:http://www.qiniaohongfangfoguisenzhai.cyou/lsr0j/vk6k2ho.htm
Published on:16:58:28
